मा. मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी ने लखनऊ में हुनर हाट का उद्घाटन किया
मा. मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी एवं केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री श्री नक़वी मुख़्तार जी ने अवध शिल्पग्राम, लखनऊ में 'हुनर हाट' का उद्घाटन किया। मा. मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के कहा कि मैं लखनऊ में देश के हुनर को जोरदार तरीके से 'हुनर हाट' के माध्यम से प्रस्तुत करने के लिए केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री मा. श्री नक़वी मुख़्तार जी को धन्यवाद देते हुए उनका अभिनंदन करता हूं | मैं आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी का आभारी हूं, जिन्होंने परंपरागत हुनर को एक नया मंच दिया | आगे योगी आदित्यनाथ जी ने कहा - देश के विभिन्न राज्यों में 'हुनर हाट' के आयोजन भारत सरकार के तत्वावधान में हो रहे हैं। निश्चित ही परंपरागत उद्यम, कलाकार और शिल्पकार इससे लाभान्वित होंगे | परंपरागत उद्यम के कलाकारों को ‘हुनर हाट’ के माध्यम से अपने उत्पादों को पूरी दुनिया में निर्यात करने का माध्यम मिलेगा |
24 जनवरी, 2018 को 68 वर्षों के बाद जब पहली बार उत्तर प्रदेश के स्थापना दिवस के कार्यक्रम का आयोजन किया गया तो हमने प्रदेश में परंपरागत उद्यम और शिल्पकारों को आगे बढ़ाने के लिए ‘एक जनपद-एक उत्पाद’ योजना का शुभारंभ किया | एक जनपद-एक उत्पाद’ योजना के तहत हमने अपने शिल्पियों, उद्यमियों को प्रोत्साहित करने के लिए दुनिया भर की एक्जिबिशन में आने-जाने की सब्सिडी देने, उनके उत्पादों की ब्रांडिंग, मैपिंग और मार्केटिंग के लिए कार्यक्रम बनाया |
आगे उन्होंने कहा कि मुझे बताते हुए बहुत प्रसन्नता हो रही है कि अपने परंपरागत उद्यम में कारीगरों, कलाकारों के सहयोग और मेहनत की वजह से उत्तर प्रदेश का निर्यात प्रतिशत 28% रहा जबकि पूरे देश का निर्यात प्रतिशत केवल 8% रहा | उत्तर प्रदेश में तमाम तरह की संभावनाएं मौजूद हैं। विगत दो वर्षों के बीच मैंने महसूस किया है कि अगर हम थोड़ा सा सपोर्ट करें तो उत्तर प्रदेश के कारीगर देश और पूरी दुनिया में अपने शिल्प और अपनी कला का लोहा मनवा सकते हैं | परंपरागत उद्यम के अंतर्गत मुरादाबाद में पीतल, अलीगढ़ में हार्डवेयर की बेहतरीन तकनीक, मेरठ में खेल के सामान, भदोही में कालीन, बनारस में साड़ी आदि का निर्माण किया जाता है। पूरे प्रदेश के प्रत्येक 75 जिलों में परंपरागत उद्यम की असीम संभावनाएं हैं | प्रदेश को प्लास्टिक मुक्त कर स्वच्छ और सुरक्षित करने के लिए हमने कुम्हारों को इलेक्ट्रिक चाक दिए जिससे उनकी कार्यक्षमता में कई गुना बढ़ोत्तरी हुई। परंपरागत उद्यम के माध्यम से मिलने वाले मिट्टी के बर्तनों के दाम कम हुए और उत्पादन क्षमता बढ़ी है | योगी जी ने आगे कहा -मुझे केंद्रीय मंत्री श्री नक़वी मुख़्तार जी को बताते हुए अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि अवध शिल्प ग्राम की स्थापना इसी उद्देश्य से की गई है कि हम अपने परंपरागत उद्यमों, शिल्पकारों, कारीगरों को प्रोत्साहित कर सकें।
























