अमेरिका के 44 सांसदों ने पत्र लिखकर भारत को GSP में शामिल करने की बात कही
प्रधामंत्री मोदी (PM Modi) के अमेरिका दौरे से पहले दोनों देशों के व्यापारिक रिश्तों को लेकर अच्छी खबर आई है | अमेरिका के 44 सांसदों ने ट्रंप (Donald Trump) प्रशासन को पत्र लिखकर भारत को फिर से जनरलाइज्ड सिस्टम ऑफ प्रेफरेंसेज (GSP) में शामिल करने की बात कही है | जीएसपी के तहत भारत को अमेरिका से व्यापार में लाभार्थी का विशेष दर्जा दिया जाता था | अमेरिका के जीएसपी कार्यक्रम में शामिल देशों को विशेष तरजीह दी जाती है | जो देश अमेरिका की जीएसपी लिस्ट में शामिल हैं उनसे एक तय राशि के आयात पर शुल्क नहीं लिया जाता | अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि रॉबर्ट लाइटहाइजर को सांसदों की तरफ से लिखे गए पत्र में कहा गया है भविष्य को ध्यान में रखते हुए हमें अपने उद्योगों के लिए बाजारों की उपलब्धता सुनिश्चित करानी होगी | छोटे-मोटे मामलों की वजह से इस पर असर नहीं पड़ना चाहिए |
रॉन एस्टेस और जिम हाइम्स की तरफ से लिखे गए पत्र पर 26 डेमोक्रेट्स और 18 रिपब्लिकन सासंदों के हस्ताक्षर हैं | कोलिशन फॉर जीएसपी के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर डैन एंथनी ने कहा कि भारत को जीएसपी से बाहन किए जाने के बाद से ही अमेरिकी कंपनियां नौकरियों और आमदनी में होने वाले नुकसान के बारे में बता रही हैं | अमेरिका के ह्यूस्टन में पीएम मोदी (Narendra modi) और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald trump) की महारैली होने वाली है | 22 सितंबर को 'Howdy Modi' कार्यक्रम में मोदी और ट्रंप पहली बार एक मंच पर साथ आएंगे | इसके पहले पीएम मोदी और ट्रंप फ्रांस के G-7 समिट में मुलाकात कर चुके हैं | मनीला में आसियान सम्मेलन के दौरान भी पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के बीच मुलाकात हुई थी | पीएम मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति के बीच 2 महीने में तीसरी मुलाकात होने वाली है | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और डोनाल्ड ट्रंप के कार्यक्रम के लिए 50 हजार से ज्यादा भारतीयों ने रजिस्ट्रेशन कराया है |




