पेरिस शहर में हर तरफ़ जाम की स्थिति
पेंशन में प्रस्तावित सुधार के विरोध में लोगों के प्रदर्शन के चलते फ्रांस का पेरिस शहर में हर तरफ़ जाम की स्थिति देखने को मिल रही है | पेरिस की 16 मेट्रो लाइन में से 10 पूरी तरह से बंद हैं जबकि दूसरी सभी लाइनें भी बाधित चल रही हैं | ज़्यादातर कर्मचारी साइकिल से या फिर पैदल चलकर अपने अपने दफ़्तर पहुंच रहे हैं | यह विरोध प्रदर्शन 2007 के बाद का सबसे बड़ा प्रदर्शन माना जा रहा है | यह राष्ट्रपति इमुनएल मैक्रों की पेंशन सुधार योजना के विरोध में हो रहा है | इस सुधार के तहत राष्ट्रपति ने विभिन्न पेशों में दी जानेवाली क़रीब दर्जन भर पेंशन योजना की जगह नए पेंशन स्कीम लागू होगी | इस प्रस्ताव का पेरिस के कर्मचारी काफ़ी विरोध कर रहे हैं | इसमें वकालत, एयरलाइन स्टाफ़ और चिकित्सा क्षेत्र के कर्मचारी शामिल हैं | इसके चलते पेरिस में कम से कम 235 किलोमीटर के इलाक़े में जाम की स्थिति है | अधिकारियों के मुताबिक़ यह स्थिति सामान्य जाम की तुलना में दोगुने से भी ज़्यादा है |
स्थानीय मीडिया की ख़बरों में जिन लाइन पर मेट्रो चल रही हैं वहां की भीड़ भाड़ वाली तस्वीरों को शेयर किया जा रहा है | इसके चलते पेरिस में उबर टैक्सियों का किराया भी तीन गुना बढ़ चुका है | एक जर्नलिस्ट ने एक स्क्रीन ग्रैब शेयर किया है जिसके मुताबिक़ शहर में ट्रैवल के लिए उन्हें 90 पाउंड किराया चुकाना पड़ रहा है जो अमूमन तीन गुना ज़्यादा है | हालांकि उबर ने इलेक्ट्रिक बाइक्स में 15-15 मिनट की दो राइड मुफ़्त मुहैया कराने की घोषणा की है | पेरिस में किराए पर क़रीब 20 हज़ार इलेक्ट्रिक स्कूटर उपलब्ध हैं | मैक्रों के प्रस्तावित सुधार का सबसे ज़्यादा विरोध मेट्रो कर्मचारी ही कर रहे हैं जो कह रहे हैं नए नियमों के मुताबिक़ उन्हें पेंशन के लंबे समय तक काम करना पड़ेगा | औसतन पेरिस के मेट्रो कर्मचारी 55 साल तक काम किया करते हैं जबकि दूसरे क्षेत्र के कर्मचारी 63 साल तक काम करते हैं | पेंशन सुधार के प्रस्तावों में यह प्रस्ताव भी शामिल है कि जब आप कम उम्र में रिटायर होंगे तो कम पेंशन मिलेगा |


