सरकार ने इस कानून के तहत फारूख अब्दुल्लाह को लिया हिरासत में
केंद्र सरकार की तरफ से बड़ी जानकारी सामने आ रही है। उनकी हिरासत को लेकर सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने केंद्र सरकार को एक सप्ताह का नोटिस देकर जवाब देने के लिए कहा गया है। इसके बाद जानकारी सामने आयी है कि रविवार रात को ही फारुक अब्दुल्ला को पब्लिक सेफ्टी एक्ट(PSA) के तहत हिरासत में ले लिया गया था। राज्यसभा सांसद वाइको की याचिका पर CJI रंजन गोगोई, जस्टिस एस ए बोबडे और जस्टिस एस अब्दुल नजीर की पीठ ने सुनवाई की. याचिका पर सुनवाई करते हुए सीजेआई रंजन गोगोई ने केंद्र सरकार से पूछा 'क्या वो हिरासत में हैं?' इस पर सॉलिसिटर जनरल ने कहा हम सरकार से निर्देश लेंगे।
वहीं, दूसरी ओर जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और राज्यसभा में नेता विपक्ष गुलाम नबी आजाद को जम्मू-कश्मीर जाने की इजाजत दे दी है। याचिका पर सुनवाई के दौरान गुलाम नबी आजाद ने कहा कि कोर्ट में कहा कि मैं पूर्व मुख्यमंत्री हूं। तो सीजेआई रंजन गोगोई ने कहा कि मैं आपको जानता हूं। कोर्ट को आजाद ने बताया कि वह अपने राज्य में जाना चाहते हैं, दो बार श्रीनगर और एक बार जम्मू जाने की कोशिश की। मैं अपने क्षेत्र में जाना चाहता हूं, मैं बारापुला, अनन्तनाग, श्रीनगर और जम्मू जाकर लोगों से मिलना चाहता हूं। साथ ही उन्होंने कहा कि मैं कोर्ट को भरोसा देना चाहता हूं कि मैं कोई रैली नही करूंगा. वहां फलों आदि से जुडे लोगों से मिलना चाहता हूं।
इनके अलावा सुप्रीम कोर्ट ने माकपा नेता मोहम्मद यूसुफ तारिगामी को अपने गृह राज्य जम्मू-कश्मीर वापस जाने की सोमवार को अनुमति दे दी।





























