सुप्रीम कोर्ट सोमवार को इस जनहित याचिका पर सुनवाई करेगा
बिहार में एक्यूट इंसेफलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) से हो रही बच्चों की मौत के मामले में दाखिल याचिका पर सुप्रीम कोर्ट सुनवाई को तैयार हो गया है | जानकारी के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट सोमवार को इस जनहित याचिका पर सुनवाई करेगा | सुप्रीम कोर्ट मे दाखिल जनहित याचिका में राज्य और केन्द्र सरकार को इलाज के पुख्ता इंतजाम करने का निर्देश दिये जाने की मांग की गई है | दाखिल जनहित याचिका मे कहा गया है कि बिहार सरकार बीमारी को फैलने से रोकने में नाकाम रही है इसलिए कोर्ट और केन्द्र सरकार मामले में दखल दे साथ ही बिहार सरकार और केन्द्र सरकार को निर्देश दिया जाए कि वो प्रभावितों के इलाज के लिए बिहार में करीब 500 आईसीयू और मोबाइल आईसीयू की व्यवस्था करे | याचिका में मांग की गई है कि बिहार सरकार को निर्देश दिया जाए कि वह आदेश जारी करे जिसमें निजी अस्पतालों को बीमार बच्चो का मुफ्त में इलाज करने को कहा जाए साथ ही इस बीमारी से जिन बच्चों की मौत हो गई है उनके पीड़ित परिवारों को मुआवजा दिया जाए | मालूम हो कि बिहार में अब तक इंसेफेलाइटिस से 143 बच्चों की मौत हो गई है जबकि कई बच्चे अभी भी अस्पताल में भर्ती हैं | अकेले मुजफ्फरपुर के दो अस्पतालों में कुल 112 बच्चों की मौत हुई है वहीं 29 मौतें राज्य के अन्य जिलों में हुई है | बुधवार की सुबह से ही मुजफ्फरपुर में बच्चों के अस्पताल आने का सिलसिला जारी है और 25 बच्चे भर्ती किए गए हैं | बीमार बच्चों की बात करें तो ये संख्या 500 पार हो गया है | SKMCH और केजरीवाल अस्पताल में अभी भी 183 बच्चे इलाजरत हैं | मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंगलवार को मुजफ्फरपुर का दौरा किया था | इस दौरे के बाद बिहार के मुख्य सचिव दीपक कुमार ने कहा कि सीएम ने SKMCH के हर बेड पर जाकर जानकारी ली गई है अस्पताल में डॉक्टरों की कमी नहीं है बावजूद इसके पटना के पीएमसीएच और दरभंगा के डीएमसीएच से चिकित्सक भेजे जा रहे हैं |









