अब हाथी और साइकिल साथ मिलकर लड़ेगी चुनाव
बीएसपी और एसपी साथ मिलकर 38-38 सीटों पर चुनाव लड़ेगी | जबकि दो सीटें कांग्रेस के लिए छोड़ दी गई है | कांग्रेस के साथ गठबंधन न करने को लेकर मायावती ने कहा कि उनकी कार्यशैली बीजेपी की तरह ही है | कांग्रेस के साथ गठबंधन करने से हमे नुकसान होता क्योंकि उनका वोट हमारी पार्टी को नहीं मिलता है |
अब यूपी में एक नया रंग दिख रहा है | लाल और नीला आपस में मिल गया है | देखना ये होगा कि ये नया रंग जनता पर कितना चढ़ेगा | पूरे सूबे में इस नए रंग के पोस्टर, बैनर और झंडे दिखने लगे हैं | लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, मुरादाबाद, मेरठ, प्रयागराज, आगरा, अलीगढ़, बरेली और गोरखपुर में भी इस नई दोस्ती, नए गठबंधन की चर्चा है | इन नए पोस्टरों पर बाबा साहेब अंबेडकर और राम मनोहर लोहिया, दोनों की ही तस्वीरें हैं | इन पोस्टरों-बैनरों में जहां बीएसपी का नीला है तो वहीं एसपी का लाल रंग भी है | इस गठबंधन में बराबरी का बहुत ध्यान रखा गया है | इतना कि जहां सपा का झंडा है वहां बसपा का भी झंडा है और यहां अखिलेश जिंदाबाद के नारे लग रहे हैं वो वहीं ''बहन जी'' जिंदाबाद के भी नारे लग रहे हैं | हाथी और साइकिल साथ-साथ हैं | पिछले 25 सालों में दोनों की पार्टियों ने जो वोटर कमाए हैं इस बार उनकी परख होगी |





