उपचुनाव के परिणाम पर
18-9-2014 10.50AM IST
Medhaj News: हाँडी फिर से काठ की चढ़ी , गली न दाल ;
बहुत चलाया , नहिँ चला , फिर से माया जाल ।
फिर से माया जाल , दिवस बस सौ ही बीते ;
खिसक गया आधार , ढहे गढ़ , जो थे जीते ।
कहेँ ' अखिल ' कविराय , लाये नायक उन्मादी ;
उल्टा पड़ा वो दाँव , नाम था ' लव जेहादी
अखिलेश अरजरिया