अरविंद केजरीवाल के odd-even नियम पर ये बोले गडकरी
देश की राजधानी दिल्ली(Delhi) में एक बार फिर ऑड-ईवन का नियम लागू होने जा रहा है | दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल(Arvind Kejriwal) ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पर्यावरण के मुद्दे पर कई बड़े ऐलान किए | इसमें ऑड ईवन, पेड़-पौधे लगाने की ड्राइव समेत कुल सात प्वाइंट्स जारी किए गए हैं | हर साल नवंबर के महीने में पराली जलने की वजह से धुएं की दिक्कत आती है, जिसके कारण इसे लागू किया गया है | 4 से 15 नवंबर तक दिल्ली में ऑड ईवन लागू होगा |
सीएम केजरीवाल के इस ऐलान पर समाचार एजेंसी एएनआइ से बातचीत में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (Union Minister Nitin Gadkari) ने कहा- 'मेरा मानना है कि इसकी जरूरत ही नहीं है। रिंग रोड के निर्माण से प्रदूषण कम हुआ है। इसके साथ जो योजनाएं केंद्र सरकार की ओर से चलाई गई हैं, उससे अगले दो वर्षों के दौरान दिल्ली प्रदूषण मुक्त हो जाएगा।'
Union Transport Minister Nitin Gadkari on Odd-Even scheme: No I don't think it is needed. The Ring Road we have built has significantly reduced pollution in the city and our planned schemes will free Delhi of pollution in the next two years. pic.twitter.com/X7b6XwkyME
शुक्रवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली सचिवालय में आयोजित प्रेसवार्ता में कहा, पिछले हफ्ते खुशखबरी दी थी कि प्रदूषण 25 फीसद कम हो गया है। मगर हमें चुप होकर नहीं बैठना है। आने वाले नवंबर में दूसरे राज्यों से पराली का धुआं दिल्ली के आसपास में भी छा जाता है। उस समय क्या-क्या किया जा सकता है। इस पर जनता से सुझाव मांगे थे। 1200 सुझाव आए हैं। इसे लेकर 7 प्वाइंट का एजेंडा तैयार किया गया है। 4 नवंबर से 15 नवंबर तक ऑड-ईवन लागू होगा।पर्यावरण को शुद्ध करने के लोगों को पेड़-पौधों को लगाने के लिए प्रेरित किया जाएगा | जो पेड़-पौधे लगाएगा, उसे सरकार की ओर से नंबर दिया जाएगा और होम डिलीवरी की जाएगी | (इसे ट्री चैलेंज का नाम दिया गया है | सुप्रीम कोर्ट का आदेश है कि दिवाली पर पटाखे कम जलाएं, हम लोगों से अपील करेंगे कि इस बार दिवाली पर पटाखों का इस्तेमाल ना करें | दिल्ली सरकार जल्द ही लेज़र शो का आयोजन करेगी, जिसमें प्रदूषण/पर्यावरण के बारे में जानकारी दी जाएगी | दिल्ली में प्राइवेट बसों को प्रोत्साहित करने के लिए नीति लागू होगी। इससे बसों की संख्या बढ़ेगी। दिल्ली सरकार 10 माह के अंदर 4000 बसें स्वयं लेकर आएगी। इलेक्ट्रिक वाहन नीति जल्द लागू होगी।


